सांसद अतुल राय ने मऊ जिला अस्पताल को अब मुहैया कराया स्ट्रेचर, व्हीलचेयर

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    गाजीपुर। कोरोना संक्रमितों को मदद…मदद…मदद। पहले टेलीमेडिसीन की सुविधा के साथ मुफ्त दवा की किट। उसके बाद मऊ जिला अस्पताल को ऑक्सीजन भरे सिलिंडरों की पूर्ति…और अब स्ट्रेचर, व्हील चेयर का इंतजाम। मदद की यह श्रृखंला है सांसद घोसी अतुल राय की। अपने संसदीय क्षेत्र के लोगों के लिए।

    मऊ ग्रामीण पत्रकार संघ के अध्यक्ष हरिद्वार राय की चिट्ठी के जरिये सांसद अतुल राय तक यह बात पहुंची कि मऊ जिला अस्पताल में स्ट्रेचर, व्हील चेयर के अभाव में कोरोना संक्रमितों को वार्ड अथवा लैब तक पैदल जाना आना पड़ता है। फिर अस्पताल में कोरोना संक्रमितों की समुचित देखरेख में पल्स ऑक्सीमीटर, इंफ़्रारेड थर्मामीटर और सेनेटाइज़र स्टैंड की कमी भी आड़े आ रही है…।

    उसके बाद तो सांसद प्रतिनिधि गोपाल राय पांच नए स्ट्रेचर, पांच व्हील चेअर, सेनेटाईज़र स्टैंड और पल्स ऑक्सीमीटर, इंफ़्रारेड थर्मामीटर लेकर मऊ जिला अस्पताल में हाजिर। साथ में अस्पताल सीएमएस के नाम सांसद का यह संदेश भी कि किसी चिकित्सीय उपकरण के अभाव मात्र से घोसी संसदीय क्षेत्र के कोई कोरोना संक्रमित की प्राण पर न बन आए। यह हम सबको ध्यान में रखना है। जैसी जरूरत हो। उनके संज्ञान में लाया जाए। उसकी पूर्ति वह इसी तरह अपने निजी खर्चे से जरूर करेंगे।

    हालांकि इस सबकी चर्चा पर घोसी सांसद के मीडिया प्रबंधन देखने वाले रॉकी राय मदद शब्द पर एतराज जताते हुए कहते हैं कि यह शब्द बेमानी है। हकीयत यह है कि घोसी संसदीय क्षेत्र के लोगों की सेवा की नैतिक जिम्मेदारी को लेकर यह अतुल राय की प्रतिबद्धता है। समपर्णता है। वरना दूसरे कई जनप्रतिनिधियों की तरह इस विपत्ति काल में मचे हाहाकार को लेकर वह भी मुंह मोड़ लेते। संयोग से इन दिनों वह नैनी जेल में निरुद्ध भी हैं। बावजूद उन्हें अपने संसदीय क्षेत्र के लोगों खासकर गरीबों, असहायों की सेहत की फिक्र लगी रहती है। इसमें सांसद घोसी की संवेदनशीलता है तो दूरदर्शिता भी है। यही वजह है कि डीएम मऊ को चिट्ठी भेजकर निजी खर्चे पर ऑक्सीजन प्लांट स्थापित करने की पेशकश के साथ ही वह उसके लिए भूखंड मुहैया कराने की गुजारिश कर चुके हैं। बल्कि चिकित्सा वैज्ञानिकों की ओर से कोविड के तीसरे वेव और उसकी जद में बच्चों के आने की जताई जा रही आशंका को ध्यान में रखकर अपनी चल रही टेलीमेडिसीन सेवा में बाल रोग विशेषज्ञों को भी शामिल करने की सांसद घोसी ने तैयारी कर ली है। मालूम हो कि एक कथित यौन उत्पीड़न के मामले में सांसद घोसी अतुल राय इन दिनों न्यायिक हिरासत में हैं

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