झोपड़ी में आग से तीन मासूमों की मौत, मां-पिता झुुलसे

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    गाजीपुर। झोपड़ी में आग लगने से तीन मासूमों की मौत हो गई जबकि उनके मां-पिता झुलस गए। यह हृदय विदारक घटना जमानियां कोतवाली के लहुआर गांव स्थित ईंट भट्ठे पर बुधवार की रात करीब दो बजे हुई।

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    लहुआर के बबलू राय ईेंट भट्ठे पर बबलू वनवासी मजदूर है। वह वहीं झोपड़ी में अपने परिवार के साथ रहता है। पूरा परिवार उसी झोपड़ी में सोया था। उसी बीच झोपड़ी में आग लग गई। आग की आंच से बबलू की नींद टूट गई। बबलू के शोर माचाने पर आसपास की झोपड़ियों में रहने वा्ले मजदूर आग पर काबू पाने की कोशिश में जुट गए लेकिन तब तक देर हो चुकी थी। बबलू वनवासी की पुत्री पूजा (13) तथा पुत्र चंद्रिका (7) जिंदा जल चुके थे जबकि पत्नी भागरथी (35) व पुत्र डमरू (4) गंभीर रूप से झुलस गए थे। आग बुझाने की कोशिश में खुद बबलू वनवासी भी आंशिक रूप से झुलस गया था। उन्हें सीएचसी जमानियां पहुंचाया गया। मां-पुत्र की गंभीर दशा देख चिकित्सकों ने उन्हें वाराणसी के लिए रेफर कर दिया जहां डमरू का भी दम टूट गया।

    आग कैसे और किन परिस्थितियों में लगी यह स्पष्ट नहीं हो पाया है। एसएचओ जमानियां राजीव कुमार सिंह ने बताया कि लहुआर गांव के चौकीदार कन्हैया ने घटना की लिखित सूचना दी। बबलू वनवासी मूलत: चंदौली जिले के दिग्गी गांव का रहने वाला है। घटना की सूचना मिलने के बाद सीओ जमानियां हितेंद्र कृष्ण, तहसीलदार आलोक कुमार भी मौके पर पहुंचे और घटनाक्रम की जानकारी ली है। उन्होंने भरोसा दिया कि पीड़ित परिवार को शासन से आर्थिक मदद दिलाई जाएगी।

     

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